कैसे खड़ी करी एक अंधे व्यक्ति ने 50 करोड़ रूपए की कंपनी? | Inspirational success story of a blind person in Hindi - MY THINKING

कैसे खड़ी करी एक अंधे व्यक्ति ने 50 करोड़ रूपए की कंपनी? | Inspirational success story of a blind person in Hindi

Inspirational Story in Hindi -ये कहानी एक ऐसे अंधे व्यक्ति की है जिसने पूरी दुनियां को दिखा दिया है कि आप विकलांग अपने शरीर से हो सकते हो अपने हौसलों से नहीं, विकलांगता कोई मायने नहीं रखती अगर आप में कुछ करने का जज़्बा हो तो, दोस्तों ये मोटिवेशनल कहानी एक ऐसे व्यक्ति की है जिससे आपको जीवन में हमेशा आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती रहेगी, और इससे आपको जीवन में बहुत कुछ सीखने को भी मिलेगा !

दोस्तों हैदराबाद के एक गाँव में एक लड़का रहा करता था जो एक गरीब परिवार से ताल्लुक रखता था, पिता का खेती का काम था, उसके पिता की मासिक आय लगभग 1600 रूपये थी !

Inspirational Success Story of a Blind Person in Hindi | Inspirational Story in Hindi


आपको जानकारी हैरानी होगी कि जब इस लड़के का जन्म हुआ था तो इसके रिश्तेदारों और पड़ोसियों ने इसके माता पिता को इसके पैदा होते ही इसे जान से मार देने तक की सलाह दें दी थी, क्योंकि वह अंधा था, मगर इस लड़के की किस्मत में कुछ और ही लिखा था किस्मत भी उन्हीं का साथ देती है जो खुद पर भरोसा और कुछ कर दिखाने का जज़्बा रखते हैं,   

एक दिन उसके पिता खेत में काम कर रहें थे उन्होंने देखा कि उनका अंधा बेटा खेत में आ गया और अपने पिता की काम करने में मदद करने लगा, अपने अंधे बेटे को खेत में काम करता देख उसके पिता समझ गये कि उनका अंधा बेटा खेत में काम करके पैसा नहीं कमा सकता तब उसके पिता ने उसे पढ़ाने की सोची, गाँव में कोई ऐसा स्कूल नहीं था जहाँ पर अंधे बच्चों को पढ़ाया जा सकें, उन्हीं के पास के गाँव में एक स्कूल था जहाँ पर अंधे बच्चों को पढ़ाया जाता था, पिता ने अपने बेटे का दाख़िला उस स्कूल में करवा दिया, बेटा पढ़ने लिखने में अच्छा था और हर साल अच्छे नम्बरों से पास हो रहा था, लेकिन सबसे ज़्यादा हैरानी तो तब हुई जब वह 10वी कक्षा में 90% अंक लेकर आया, अपने अच्छे नम्बरों को देखकर लड़का और भी मेहनत करने के लिए ज़्यादा प्रेरित हुआ और अब वह पहले से भी ज़्यादा मेहनत करने लगा, लेकिन उसकी परेशानियाँ अभी भी कहाँ कम होने वाली थी उसने दसवीं के बाद 11वी कक्षा में साइंस लेनी की सोची, लेकिन किसी भी विद्यालय ने उसकी भर्ती नहीं की क्योंकि उस समय राज्य सरकार के अनुसार एक अंधा बच्चा साइंस नहीं लें सकता था, उस लड़के के इसी चक्कर में दो महीने ख़राब हो गए, लेकिन उसने हिम्मत नहीं हारी और राज्य सरकार को साइंस रखने के लिए पत्र लिखा, उसके पिछले रिकॉर्ड को देखते हुए राज्य सरकार की तरफ से उसे साइंस लेने की इजाज़त मिल गई, और इसी के साथ वह देश का पहला ऐसा ब्लाइंड व्यक्ति बना जिसे दसवीं के बाद साइंस पढ़ने की इजाज़त मिली, 
अब वह अंधा लड़का बहुत ज़्यादा मेहनत करने लगा और 12वी कक्षा में साइंस में 97% नंबर लाकर सभी को आश्चर्यचकित कर दिया, अब इस ब्लाइंड लड़के ने भारत के भारत सबसे अच्छे और बड़े कॉलेज IIT में पढ़ने की सोची, लेकिन यह उसके लिए आसान नहीं था, जब उसने कॉलेज में पढ़ने की अर्ज़ी दी तो उसकी अर्ज़ी यह कह कर ठुकरा दी कि वह अंधा है, लेकिन उसने फिर भी हार नहीं मानी और अमेरिका के कुछ सबसे अच्छे कॉलेज में स्पॉन्सरशिप की दरख्वास्त डाल दी, और आपको जानकार हैरानी होगी कि अमेरिका के कई कॉलेज ने उसकी अर्ज़ी स्वीकार भी कर ली, इसके बाद इस लड़के ने फिर कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा, फिर इस लड़के ने अमेरिका के Massachusetts Institute of Technology (MIT) में प्रवेश लिया, इसी के वह देश का पहला ऐसा ब्लाइंड स्टूडेंट बना जिसने MIT से शिक्षा प्राप्त की !


Motivational Story in Hindi | Motivational Story in Hindi For Success 

Inspirational story in hindi
Shrikant Bolla Success Story 


अगर व्यक्ति में कुछ करने की क्षमता हो तो मायने नहीं रखता है कि वो क्या है बस उसमें कर दिखाने का जूनून होना चाहिए, अगर व्यक्ति में सच्ची प्रतिभा और हौसला हो तो कोई भी कठिन रास्ता उसके हौसलों को मात नहीं दें सकता है, ऐसा ही कुछ कर दिखाया है हैदराबाद के रहने वाले श्रीकांत बोला ने जो जन्म से अंधे थे, जिन्होने अपने जज़्बे से अपने रास्ते को बनाया और अपनी मंज़िल को हासिल भी किया !
अमेरिका में शिक्षा प्राप्त करने के बाद श्रीकांत बोला ने हैदराबाद में अपनी कंपनी की शुरुआत की ! श्रीकांत बोला ने लोगों के खाने पीने के समान की पैकिंग के लिए कंज्यूमर फ़ूड पैकेजिंग कंपनी का गठन किया, इस कंपनी की शुरुआत श्रीकांत ने 8 लोगों की टीम के साथ मिलकर की, उन्होंने इस कंपनी में सबसे पहले अपने आस पास के बेरोज़गार लोगों को जोड़ा, जिसमें श्रीकांत ने ब्लाइंड लोगों को काम दिया, जब श्रीकांत की कंपनी तेज़ी रफ़्तार पकड़ने लगी तो फंडिंग की प्रॉब्लम आना शुरू हो गई, 
लेकिन श्रीकांत भी कहाँ हार मानने वाले थे उन्होंने कई फंडिंग कंपनियों से और निजी बैंकों से फण्ड जुटाकर अपनी कंपनी को आगे बढ़ाया, फिर श्रीकांत की कंपनी ने फर्श से अर्श तक का सफ़र तय किया, आज श्रीकांत की कंपनी के तेलंगाना और हैदराबाद में चार प्लांट हैं जिसमें हज़ारों की संख्या में लोग कार्य करते हैं !

Motivational True Story in Hindi 


श्रीकांत बोला बचपन से ही अंधे थे, लेकिन उन्होंने जो कर दिखाया वो किसी नॉर्मल व्यक्ति के भी बस बात नहीं है, लेकिन अगर आपके इरादे पक्के हो और हौसला मज़बूत हो तो आप भी इस मुक़ाम पर पहुँच सकते हैं जिस पर आज श्रीकांत बोला हैं, आज श्रीकांत 50 करोड़ रूपए की कंज्यूमर फ़ूड पैकेजिंग Bollant Industries के CEO के पद पर नियुक्त हैं, उन्होंने ये कंज्यूमर फ़ूड पैकेजिंग कंपनी बनाकर कई लोगों के लिए एक मिसाल क़ायम की है !
श्रीकांत बोला का कहना है कि जब सभी लोग उनसे कहते थे कि वो नहीं कर सकते तो वो उनसे कहते थे कि वो सब कुछ कर सकते है जो आपको असंभव लगता है, 
और दोस्तों आज जिस मुक़ाम पर श्रीकांत हैं उन्होंने अपनी इस बात को साबित भी कर दिखाया है, श्रीकांत कहते है कि अगर आपको जीवन की जंग जीतनी है तो सबसे बुरे वक़्त में धैर्य बनाकर रखिये, आपको सफलता ज़रूर मिलेगी !!
दोस्तों श्रीकांत बोला की इस स्टोरी से हमें यह प्रेरणा मिलती है कि इस दुनियां में असंभव कुछ भी नहीं जब श्रीकांत जैसे दृष्टिहीन लोग इस मुक़ाम पर पहुँच सकते हैं तो फिर हम क्यों नहीं? इसलिए हमेशा अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए मेहनत करते रहो, जीवन में मिल रही कठिनाइयों से कभी मत घबराओ सफलता आज नहीं तो कल ज़रूर मिलेगी !! 
श्रीकांत की यह स्टोरी केवल दृष्टिहीन लोगों के लिए नहीं बल्कि हर उस व्यक्ति के लिए है जो जीवन को बहुत कठिन समझता है और उससे मिल रही परेशानियों से घबराकर हार मान जाते हैं दोस्तों ज़िन्दगी की जंग जीतता वही है जो चुनौतियों से घबराता नहीं और डटकर उसका सामना करता है.


Read more:-



Note:- Inspirational Success Story of a Blind Person in Hindi की पोस्ट कैसी लगी आपको प्लीज आप कमेंट करके ज़रूर बताए अगर आपको हमारे द्वारा शेयर किये गए आर्टिकल में कोई भी कमी नज़र आती है तो कमेंट बॉक्स में ज़रूर बताए हम उसमे सुधार करके अपडेट करते रहेंगे | हमारी पोस्ट आपको अच्छी लगी तो इसे अपने दोस्तों रिश्तेदारों और अपने सोशल मीडिया अकाउंट Facebook, Whatsapp, Instagram और  Twitter पर ज़रूर शेयर करे !

Email Subscription ज़रूर करें और पाए New and more आर्टिकल आपकी मेल पर सबसे पहले !
Previous article
Next article

Leave Comments

Post a comment

Please do not enter any spam link in the comment box.

Articles Ads

Articles Ads 1

Articles Ads 2

Advertisement Ads